अदरक के फायदे ( Ginger Benefits or Adrak Ke Fayde )

Ginger Benefits or Adrak Ke Fayde or Health benefits of Ginger in Hindi :

अदरक को आयुर्वेद में एक बहुत गुणकारी औषधी मानते हैं। अदरक में शारीर के लिए कई पोषक तत्व और वसा, रेसे, कार्बोहाइड्रेट्स, आयरन, कैल्शियम, सोडियम, क्लोरीन, विटामिन और लगभग इसमें 81 % पानी होता हैं। अदरक में बहुत सारे गन पाए जाते हैं और इसे कई तरह से प्रयोग में लिया जाता हैं, क्युकी इसे आप ताजा या सूखा कर प्रयोग कर सकते हैं। अदरक एक अच्छा एंटीवायरल भी हैं. अदरक स्वाद में तीखा होता है, यदि अदरक सुखी हुई है, तो इसकी तासीर गर्म होती है और यदि अदरक गीली हैं, तो इसकी तासीर ठंडी होती है। अदरक के आयुर्वेद में बहुत सारे फायदे हैं, जिसमे से हम आपको अदरक के कुछ Ginger Benefits or Adrak Ke Fayde के बारे में बताते हैं –

Ginger Benefits aur Adrak Ke FaydeGinger Benefits or Adrak Ke Fayde

अदरक के उपाय (Ginger Benefits or Adrak Ke Fayde) :

  1. भोजन से पहले अदरक को चिप्स की तरह बारीक कतर लें। इन चिप्स पर पिसा काला नमक बुरक कर खूब चबा-चबाकर खा लें फिर भोजन करें। इससे अपच दूर होती है, पेट हलका रहता है और भूख खुलती है।
  2. अदरक का एक छोटा टुकड़ा छीले बिना (छिलकेसहित) आग में गर्म करके छिलका उतार दें। इसे मुँह में रख कर आहिस्ता-आहिस्ता चबाते चूसते रहने से अन्दर जमा और रुका हुआ बलगम निकल जाता है और सर्दी-खाँसी ठीक हो जाती है।
  3. अदरक का नियमित रूप से सेवन करने पर भूख को बढ़ाती हैं। अदरक पेट की समस्या के लिए अच्छी होती हैं, यह digestion system को सही रखती हैं।
  4. अदरक शरीर की होने वाली कोलेस्ट्रॉल (cholesterol) की समस्या और blood circulation की समस्या को सही करता हैं।
  5. अदरक का रस गठिया रोग में बहुत ही फायदेमंद होता हैं और साथ ही थायराईड रोगी के लिए भी लाभप्रद होता हैं।
  6. अदरक सभी प्रकार के दर्द में राहत देता हैं. यह आपके दांत दर्द, सिर दर्द, पेट में पाचन व गैस दर्द में राहत दिलाता हैं। Adrak Ke fayde.
  7. उलटी : अदरक व प्याज का रस समान मात्रा में मिलाकर 3-3 घंटे के अंतर से 1-1 चम्मच लेने से अथवा अदरक के रस में मिश्री में मिलाकर पीने से उलटी होना व जौ मिचलाना बन्द होता है।
  8. हृदयरोग : अदरक के रस व पानी समभाग मिलाकर पीने से हृदयरोग में लाभ होता है। Adrak Ke fayde.
  9. मंदाग्नि : अदरक के रस में नींबू व सेंधा नमक मिलाकर सेवन करने से जठराग्नि तीव्र होती है।
  10. उदरशूल : 5 ग्राम अदरक, 5 ग्राम पुदीने के रस में थोड़ा-सा सेंधा नमक डालक पीने से उदरशूल मिटता है।
  11. शीतज्वर : अदरक व पुदीने का काढ़ा देने से पसीना आकर ज्वर उतर जाता है। शीतज्वर में लाभप्रद है।
  12. पेट की गैस : आधा-चम्मच अदरक के रस में हींग और काला नमक मिलाकर खाने से गैस की तकलीफ दूर होती है।
  13. सर्दी-खाँसी : 20 ग्राम अदरक का रस 2 चम्मच शहद के साथ सुबह शाम लें। वात-कफ प्रकृतिवाले के लिए अदरक व पुदीना विशेष लाभदायक है। Adrak Ke fayde.
  14. खाँसी एवं श्वास के रोग : अदरक और तुलसी के रस में शहद मिलाकर लें।

सावधानी : रक्तपित्त, उच्च रक्तचाप, अल्सर, रक्तस्राव व कोढ़ में अदरक का सेवन नहीं करना चाहिए। अदरक साक्षात अग्निरूप है। इसलिए इसे कभी फ्रिज में नहीं रखना चाहिए ऐसा करने से इसका अग्नितत्त्व नष्ट हो जाता है।

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